
रायपुर। बालोद जिले में 22 वर्षीय युवती पर हुए एसिड अटैक के मामले में गिरफ्तार दोनों आरोपियों को पुलिस ने मंगलवार को कड़ी सुरक्षा के बीच न्यायालय में पेश किया। आरोपियों को दल्लीराजहरा चौक से कोर्ट तक पैदल ले जाया गया। इस दौरान बड़ी संख्या में लोग और छात्र-छात्राएं मौके पर जमा हो गए और आरोपियों के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
कोर्ट ले जाने से पहले कराया गया मुंडन
न्यायालय में पेशी से पहले पुलिस ने दोनों आरोपियों का मुंडन कराया। इसके बाद भारी पुलिस बल की मौजूदगी में उन्हें पैदल कोर्ट परिसर तक ले जाया गया। जैसे ही आरोपी घड़ी चौक के पास पहुंचे, वहां मौजूद भीड़ में आक्रोश देखने को मिला। छात्रों और स्थानीय लोगों ने आरोपियों को फांसी देने की मांग को लेकर नारे लगाए।

कोर्ट परिसर में भारी पुलिस बल तैनात
पेशी के दौरान कोर्ट परिसर को पुलिस छावनी में तब्दील कर दिया गया था। किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए बड़ी संख्या में पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई थी। पुलिस ने भीड़ को नियंत्रित करते हुए दोनों आरोपियों को सुरक्षित न्यायालय के अंदर पहुंचाया।
पेशी के बाद पुलिस ने दोनों आरोपियों को हेलमेट पहनाकर कड़ी सुरक्षा के बीच बाहर निकाला और जेल दाखिल कराने के लिए ले गई। पुलिस को आशंका थी कि आक्रोशित भीड़ आरोपियों पर हमला कर सकती है, जिसके चलते सुरक्षा के विशेष इंतजाम किए गए थे।

पुलिसकर्मी की बेटी पर हुआ था एसिड अटैक
बता दें कि सोमवार को बालोद शहर में एक पुलिसकर्मी की 22 वर्षीय बेटी पर एसिड अटैक की वारदात हुई थी। युवती पढ़ाई के बाद लाइब्रेरी से लौट रही थी, तभी उस पर एसिड फेंक दिया गया। घटना के बाद पुलिस ने तेजी से जांच करते हुए करीब 8 घंटे के भीतर दो आरोपियों को गिरफ्तार किया।
पुलिस की प्रारंभिक जांच में युवती से जुड़े कथित प्रेम प्रसंग और साजिश का मामला सामने आया है। पुलिस अब आरोपियों से पूछताछ कर वारदात के पीछे की पूरी वजह और साजिश में शामिल अन्य पहलुओं की जांच कर रही है।

