Iran Attacks US Bases: कुवैत, जॉर्डन समेत कई अमेरिकी ठिकानों पर ईरान का हमला, Middle East में बढ़ा तनाव

नई दिल्ली। मध्य पूर्व में अमेरिका और ईरान के बीच तनाव एक बार फिर खतरनाक स्तर पर पहुंच गया है। ईरान ने बुधवार को दावा किया कि उसने कुवैत, जॉर्डन और क्षेत्र के अन्य अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर ड्रोन हमले किए हैं। इन हमलों के बाद पूरे क्षेत्र में सुरक्षा अलर्ट बढ़ा दिया गया है, जबकि अमेरिका और उसके सहयोगी देशों की सेनाएं हाई अलर्ट पर हैं।
ईरानी सेना के मुताबिक, ये हमले हाल के अमेरिकी सैन्य अभियानों के जवाब में किए गए हैं। सरकारी मीडिया ने दावा किया कि अमेरिकी सैन्य सुविधाओं को निशाना बनाकर कई ड्रोन भेजे गए। हालांकि, हमलों से हुए नुकसान और हताहतों की स्वतंत्र पुष्टि फिलहाल नहीं हो सकी है।
अमेरिका की ओर से कहा गया है कि उसने ईरान में सैन्य ठिकानों पर लगातार अभियान चलाया है और हालिया हवाई हमलों का चरण समाप्त किया गया है। वहीं, अमेरिकी प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि क्षेत्र में तैनात सैनिकों और सहयोगी देशों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है।
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि दोनों देशों के बीच सैन्य कार्रवाई इसी तरह जारी रही तो इसका असर पूरे मध्य पूर्व की सुरक्षा, वैश्विक तेल आपूर्ति और अंतरराष्ट्रीय व्यापार पर पड़ सकता है। खासतौर पर होर्मुज जलडमरूमध्य को लेकर तनाव बढ़ने से वैश्विक ऊर्जा बाजार पर दबाव बढ़ने की आशंका जताई जा रही है।
मुख्य बातें
- ईरान ने अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर ड्रोन हमलों का दावा किया।
- कुवैत, जॉर्डन समेत कई ठिकानों को बताया गया निशाना।
- अमेरिका ने ईरान में अपने सैन्य अभियान जारी रहने की पुष्टि की।
- मध्य पूर्व में सुरक्षा अलर्ट बढ़ा, वैश्विक तेल बाजार पर भी नजर।
- हमलों के नुकसान की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है।




