PWD का बड़ा रिकॉर्ड: 2025-26 में 9,129 करोड़ के निर्माण कार्यों को मिली प्रशासकीय स्वीकृति

रायपुर, 19 अगस्त 2026। छत्तीसगढ़ में सड़क, पुल और भवन निर्माण को गति देने के लिए लोक निर्माण विभाग ने पिछले ढाई वर्षों में बड़े पैमाने पर कार्यों को मंजूरी दी है। उप मुख्यमंत्री एवं लोक निर्माण मंत्री अरुण साव ने बुधवार को नवा रायपुर स्थित छत्तीसगढ़ संवाद ऑडिटोरियम में आयोजित प्रेस-कॉन्फ्रेंस में विभाग की उपलब्धियों और आगामी कार्ययोजनाओं की जानकारी दी।
उप मुख्यमंत्री साव ने बताया कि दिसंबर 2023 में सरकार बनने के बाद से अब तक लोक निर्माण विभाग को 12,666 करोड़ रुपये से अधिक लागत के 1,572 कार्यों के लिए प्रशासकीय स्वीकृति मिली है। इनमें 1,285 सड़क निर्माण, 247 पुल और 42 भवन निर्माण के कार्य शामिल हैं।

2025-26 में मिली रिकॉर्ड स्वीकृति
उप मुख्यमंत्री ने बताया कि वित्तीय वर्ष 2025-26 लोक निर्माण विभाग के लिए ऐतिहासिक रहा। इस वर्ष विभिन्न निर्माण कार्यों के लिए 9,129 करोड़ 18 लाख रुपये की प्रशासकीय स्वीकृति मिली, जो राज्य निर्माण के बाद पिछले 25 वर्षों में विभाग को मिली सर्वाधिक स्वीकृति है।
इस दौरान 5,129.60 किलोमीटर लंबाई की 754 सड़कों, 200 पुलों और 39 भवनों सहित कुल 993 कार्यों को मंजूरी दी गई।
तीन वित्तीय वर्षों में इस तरह मिली मंजूरी
वित्तीय वर्ष 2023-24 में दिसंबर 2023 से मार्च 2024 तक 551 करोड़ 42 लाख रुपये की लागत के 80 कार्य स्वीकृत किए गए। इनमें 374 किलोमीटर लंबाई की 72 सड़कें, 6 पुल और 2 भवन शामिल हैं।
वित्तीय वर्ष 2024-25 में 2,590 करोड़ 70 लाख रुपये लागत के 438 कार्यों को मंजूरी मिली। इनमें 1,465 किलोमीटर लंबाई की 400 सड़कें, 37 पुल और एक भवन शामिल है।
चालू वित्तीय वर्ष 2026-27 में 10 अगस्त तक विभाग को 608 करोड़ रुपये की प्रशासकीय स्वीकृति मिल चुकी है। इसमें 608.20 किलोमीटर लंबाई की 59 सड़कें और दो पुलों के निर्माण कार्य शामिल हैं।
सात नए संभाग और 12 उप संभाग कार्यालय शुरू
अरुण साव ने बताया कि निर्माण कार्यों में तेजी के साथ विभागीय प्रशासनिक ढांचे को भी मजबूत किया गया है। बेहतर संचालन, निगरानी और कार्यों के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए 7 नए संभागीय कार्यालय और 12 नए उप संभागीय कार्यालय शुरू किए गए हैं।
उन्होंने कहा कि विभाग की प्राथमिकताओं में लंबित अनुकंपा नियुक्ति के प्रकरणों का निराकरण भी शामिल है।
WAMIS से ऑनलाइन होगी विभागीय प्रक्रिया
लोक निर्माण विभाग की कार्यप्रणाली को सरल, पारदर्शी और तकनीक आधारित बनाने के लिए जल्द ही WAMIS (Work and Accounts Monitoring Integration System) लागू किया जाएगा। इस प्रणाली के जरिए डीपीआर तैयार करने से लेकर कार्यों की स्वीकृति और अन्य प्रक्रियाओं को ऑनलाइन और एकीकृत किया जाएगा।
इससे विभागीय प्रक्रियाओं में लगने वाले समय को कम करने के साथ निर्माण कार्यों को तेजी से धरातल पर उतारने में मदद मिलेगी। तकनीक के इस्तेमाल से कार्यों की गुणवत्ता, निगरानी और पारदर्शिता में भी सुधार की उम्मीद है।
उप मुख्यमंत्री साव ने कहा कि सरकार “लोक निर्माण से छत्तीसगढ़ निर्माण” के मूलमंत्र के साथ प्रदेश में अधोसंरचना विकास को नई गति देने के लिए लगातार काम कर रही है। प्रेस-कॉन्फ्रेंस में लोक निर्माण विभाग के सचिव मुकेश कुमार बंसल, प्रमुख अभियंता वी.के. भतपहरी और अपर सचिव एस.एन. श्रीवास्तव भी मौजूद रहे।
